Thu 14 May 2026
Breaking News Exclusive
राज्यों को जारी ĺ केंद्र और राज्य रणनीति बनाने में जुटे बर्खास्तगी, तबादले और वेतनवृद्धि रोकी गईं दोषियों पर होगी कार्रवाई, बरेली जिला अस्पताल की घटना पर डिप्टी सीएम ब्रजेश पाठक का सख्त रुख पांच अन्य लोगों ने ली मंत्री पद की शपथ मातृभाषा हिंदी के विकास के लिए मॉडर्न स्कूल ने उठाएं सराहनीय कदम राज्यपाल ने की विधानसभा भंग युद्ध से बिगड़ी हालत तेल पर असर तेल पर असर पत्रकारिता को नई पहचान: पत्रकार प्रेस परिषद ने भारत में पहली बार लागू किया ड्रेस कोड डिप्टी सीएम ब्रजेश पाठक ने भाजपा कार्यकर्ताओं के साथ देखी फिल्म, सभी से फिल्म देखने की अपील मनरेगा या जी राम जी पर सरकारी निर्णय का विश्लेषण ! एडिटर डेस्क राज्यों को जारी ĺ केंद्र और राज्य रणनीति बनाने में जुटे बर्खास्तगी, तबादले और वेतनवृद्धि रोकी गईं दोषियों पर होगी कार्रवाई, बरेली जिला अस्पताल की घटना पर डिप्टी सीएम ब्रजेश पाठक का सख्त रुख पांच अन्य लोगों ने ली मंत्री पद की शपथ मातृभाषा हिंदी के विकास के लिए मॉडर्न स्कूल ने उठाएं सराहनीय कदम राज्यपाल ने की विधानसभा भंग युद्ध से बिगड़ी हालत तेल पर असर तेल पर असर पत्रकारिता को नई पहचान: पत्रकार प्रेस परिषद ने भारत में पहली बार लागू किया ड्रेस कोड डिप्टी सीएम ब्रजेश पाठक ने भाजपा कार्यकर्ताओं के साथ देखी फिल्म, सभी से फिल्म देखने की अपील मनरेगा या जी राम जी पर सरकारी निर्णय का विश्लेषण ! एडिटर डेस्क

सुचना

: बढ़ती महंगाई और महंगी शिक्षा: "एक संघर्ष" इसको कैसे मैनेज किया जाए बता रहे हैं Pkjफाइनेंशियल एक्सपर्ट

Media With You

Mon, Nov 20, 2023
Post views : 125
आजकल के समय मे बढ़ती महंगाई और महंगी शिक्षा के बीच एक अजीब सा संघर्ष बना हुआ है। रोजमर्रा के खर्च एवं बढ़ती महंगाई का सीधा असर हमारे बच्चो की शिक्षा पर भी पड रहा है। जिसके परिणामस्वरूप, कई परिवारों को अधिक आर्थिक दबाव महसूस होता है। मॉडर्न स्कूल अलीगंज द्वारा आयोजित बाल मेले मैं शिरकत करते हुए पीकेजी फाइनेंशियल एक्सपर्ट पवन कुमार जैन ने आए हुए सभी बच्चों के माता-पिता से यह बात कही https://youtube.com/watch?v=A7ONu5P9d7U&feature=sharedhttps://youtube.com/watch?v=A7ONu5P9d7U&feature=shared उन्होंने कहा की मध्यमवर्गीय परिवारों में माता - पिता अपने बच्चों को बेहतर शिक्षा प्रदान करने की कोशिश करता है, कुछ इसमें सफल हो जाते है कुछ नही। हम अपने बच्चो को बेहतर शिक्षा देने मे असफल न हो उसके लिए हम भविष्य मे होने वाले उनके शिक्षा के खर्च और शादी के खर्च को पूरा करने के लिए आज से ही बचत करना शुरू कर सकते है। भारत मे *शिक्षा का औसत खर्च सालाना १० प्रतिशत और सामान्य महंगाई 6 प्रतिशत की दर से बढ़ रही है* और बाजार मे 4% से 15% प्रतिशत तक लाभ देने वाले वित्तयि उत्पाद मौजूद है। हमे सही वित्तयि उत्पाद चुन कर उसमे निवेश कर के भविष्य मे होने वाले खर्च को प्राप्त करने की कोशिश करनी चाहिए।  

Tags :

विज्ञापन

विज्ञापन

जरूरी खबरें

विज्ञापन