Tue 29 Sep 2026
Breaking News Exclusive
रुपए पर दबाव यूपीआई पर चार्ज का बड़ा फैसला समर्पित देशभक्ति एवं आधुनिक भारत के शिल्पी योगी सरकार के काम पर सवाल नहीं, लेकिन जनता से दूरी और विपक्ष के वादे बन सकते हैं खेल बदलने वाला फैक्टर बदलते हालात में देश के सामने नई चुनौतियां और अवसर Cognito Exhibition ने बदली सीखने की परिभाषा किसान संगठन ने लगाएं गंभीर आरोप CAG रिपोर्ट के आधार पर नीतियों के वितरण में पारदर्शिता का अभाव अब बनेगी नई युवा नीति, मुख्यमंत्री योगी की घोषणा कूटनीतिक तनाव—वैश्विक स्थिरता पर बड़ा सवाल राष्ट्रवाद, विकास और सामाजिक समरसता पर जोर रुपए पर दबाव यूपीआई पर चार्ज का बड़ा फैसला समर्पित देशभक्ति एवं आधुनिक भारत के शिल्पी योगी सरकार के काम पर सवाल नहीं, लेकिन जनता से दूरी और विपक्ष के वादे बन सकते हैं खेल बदलने वाला फैक्टर बदलते हालात में देश के सामने नई चुनौतियां और अवसर Cognito Exhibition ने बदली सीखने की परिभाषा किसान संगठन ने लगाएं गंभीर आरोप CAG रिपोर्ट के आधार पर नीतियों के वितरण में पारदर्शिता का अभाव अब बनेगी नई युवा नीति, मुख्यमंत्री योगी की घोषणा कूटनीतिक तनाव—वैश्विक स्थिरता पर बड़ा सवाल राष्ट्रवाद, विकास और सामाजिक समरसता पर जोर

सुचना

: यूपी को लगातार चौथी बार कार्यवाहक डीजीपी मिलें योगी के खास आईपीएस प्रशांत कुमार

Media With You

Wed, Jan 31, 2024
Post views : 257
लखनऊ 31 जनवरी उत्तर प्रदेश पुलिस को लगातार चौथी बार कार्यवाहक डीजीपी मिला है। यूपी की योगी सरकार ने वर्तमान कार्यवाहक डीजीपी विजया कुमार के बुधवार को सेवानिवृत्त होने के बाद डीजी कानून एवं व्यवस्था प्रशांत कुमार को यूपी पुलिस के नए कार्यवाहक पुलिस महानिदेशक (डीजीपी) के रूप में नियुक्त किया है। वह तीन दशकों से अधिक लंबे अनुभव के साथ 1990 बैच के आईपीएस हैं। 2017 से यूपी में योगी के नेतृत्व वाली भाजपा सरकार में अतिरिक्त महानिदेशक, कानून और व्यवस्था और मेरठ जोन के अतिरिक्त महानिदेशक सहित विभिन्न महत्वपूर्ण पदों पर रह चुके हैं। बिहार में जन्मे आईपीएस प्रशांत कार्यवाहक डीजीपी के साथ-साथ डीजी कानून व्यवस्था और डीजी आर्थिक अपराध शाखा का पद भी संभालेंगे। जारी आदेश में आगे कहा गया कि इसके लिए कोई अतिरिक्त मजदूरी नहीं दी जाएगी। यदि किन्हीं कारणों से राज्य सरकार द्वारा उन्हें हटाया नहीं जाता है, तो मई 2025 में उनकी सेवानिवृत्ति तक उनके कार्यवाहक डीजीपी के रूप में बने रहने की संभावना है। कार्यवाहक डीजीपी पद पर तैनाती के बाद प्रशांत कुमार ने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से उनके आवास पर मुलाकात की। निवर्तमान कार्यवाहक डीजीपी विजया कुमार से कमान संभाली। राज्य सरकार के एक वरिष्ठ अधिकारी ने कहा कि प्रशांत कुमार वह अधिकारी थे जिन्होंने अपराध और माफिया के खिलाफ राज्य सरकार की जीरो टॉलरेंस नीति के साथ-साथ आपराधिक तत्वों के खिलाफ कार्रवाई में पूर्ण स्वतंत्रता प्रदान की। उन्होंने कहा कि वर्तमान में कार्यवाहक डीजीपी के रूप में प्रशांत कुमार की नियुक्ति अन्य अग्रणी दावेदारों के लिए बड़ा झटका है। इनमें 1989 बैच के चार डीजी रैंक के अधिकारी और उनके बैच के नौ डीजी रैंक के अधिकारी शामिल हैं। पूर्णकालिक या स्थायी डीजीपी पद के लिए राज्य सरकार वरिष्ठतम आईपीएस अधिकारियों की सूची भेजती है। एक वरिष्ठ अधिकारी ने कहा, (न्यूनतम छह महीने की सेवा अवधि शेष होने पर) केंद्रीय गृह मंत्रालय और संघ लोक सेवा आयोग के अध्यक्ष सहित विभिन्न हितधारकों को मानदंडों के अनुसार तीन अधिकारियों के नाम तय करने के लिए कहा गया है। उन्होंने कहा कि 11 मई को 1987 बैच के आईपीएस अधिकारी मुकुल गोयल को हटाने के बाद कोई पूर्णकालिक डीजीपी नियुक्त नहीं किया गया। उसके बाद डीएस चौहान ने कार्यवाहक डीजीपी के रूप में पदभार संभाला और अपनी सेवानिवृत्ति तक कार्यभार संभालते रहे। अप्रैल 2023 उनके कार्यकाल के बाद, आरके विश्वकर्मा ने 31 मई, 2023 को विजय कुमार को कार्यवाहक डीजीपी नियुक्त किए जाने से पहले लगभग एक महीने तक कार्यवाहक डीजीपी के रूप में कार्य किया।  

Tags :

विज्ञापन

विज्ञापन

जरूरी खबरें

विज्ञापन