: लखनऊ में अचानक धंसने लगी जमीन, सड़क के बीचों बीच हो गया बड़ा गड्ढा
Mon, Dec 16, 2024
लखनऊ 16 दिसंबर उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ के विकासनगर में एक बार फिर जमीन धंसने की घटना सामने आई है। यहां देखते ही देखते अचानक सड़क के बीचों-बीच जमीन धंसने लगी। थोड़ी ही देर में वहां एक बड़ा सा गड्ढा बन गया।
लखनऊ में अचानक धंसने लगी जमीन, सड़क के बीचों बीच हो गया इतना बड़ा गड्ढा
पहला मौका नहीं है जब इस इलाके में जमीन धंसी है। गनीमत रही कि इस गड्ढे की वजह से अभी तक कोई हादसा नहीं हुआ है। सड़क पर यातायात के चलते यहां गड्ढा बनने से बड़ा हादसा हो सकता है। बता दें कि इसके पहले जुलाई में भी विकास नगर में जमीन धंसी थी और तब सड़क पर 15 से 20 फीट का गड्ढा बन गया था। इसके पहले भी इलाके में इस तरह के गड्ढे बनने की घटनाएं हुई थीं।
इस बार विकास नगर में पीएनबी बैंक चौराहा के पास यह घटना सामने आई है। सड़क के बीचों-बीच सड़क अचानक धंसने लगी। देखते ही देखते वहां गड्ढा बन गया। इस दौरान कई लोगों ने सड़क धंसने और गड्ढा बनने की तस्वीरें खींचनी शुरू कर दीं। लोग यूं अचानक सड़क धंसने की घटनाओं से चिंतत हैं। उन्हें हादसे का डर सता रहा है। इस घटना के बाद उस रास्ते पर आवाजाही रोक दी गई है।
लोगों का कहना है कि ऐसी घटनाएं जिम्मेदारों की लापरवाही की वजह से हो रही हैं। लोगों का कहना है कि कई बार इस तरह के गड्ढे बनने के बाद भी जिम्मेदार लोग इसकी वजह का पता नहीं लगा पा रहे हैं। यदि इसी तरह जमीन धंसने की घटनाएं होती रहीं तो कोई बड़ा हादसा हो सकता है। इमें कोई छोटा या बड़ा वाहन फंस सकता है।
: उत्तर प्रदेश विधानसभा का शीतकालीन सत्र आज से शुरू सीएम योगी ने सुनाई खरी खरी
Mon, Dec 16, 2024
लखनऊ 16 दिसंबर उत्तर प्रदेश विधानसभा के शीतकालीन सत्र के पहले दिन संभल हिंसा का मुद्दा छाया रहा।
इस दौरान उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ का रौद्र रूप देखने को मिला। विपक्ष के हंगामे के बीच मुख्यमंत्री योगी ने संभल हिंसा को लेकर सुनाई खरी खरीयोगी ने कहा कि लोगों को एक बाद बाबरनामा जरूर पढ़नी चाहिए। उसमें हिंदुओं के मंदिरों को तोड़ने जाने का जिक्र मिलता है। प्रदेश का दंगों का लंबा इतिहास रहा है। यहां सांप्रदायिक दंगें होते रहे हैं। 1972 में आगरा में दंगा हुआ। इसी साल आजमगढ़ में दंगा हुआ, जिसमें 3 लोगों की मौत हुई। बहराइच में भी 1972 में सांप्रदायिक दंगा हुआ, जिसमें 3 मौते हुईं।अलीगढ़ में 1973 में दो समुदाय आमने-सामने गए थे, जिसमें 21 लोगों की मौत हो गई थी। इन दंगों के कारण ही प्रदेश का माहौल नकारात्मक हुआ था। अब प्रदेश में भाजपा की सरकार है। दंगों में कमी आई है। लोगों को कानून पर भरोसा है। यही कारण है कि प्रदेश को 40 लाख करोड़ का निवेश मिला है।
मस्जिद के सामने शोभायात्रा निकलने पर क्यों होता है दंगा
मस्जिद के सामने शोभायात्रा निकलने पर क्यों होता है दंगायोगी आदित्यनाथ ने सवाल उठाते हुए कहा कि मुस्लिमों के जुलूस मंदिरों के सामने से निकलते हैं। लाउडस्पीकर पर गाने बजते हुए जाते हैं, लेकिन कोई दिक्कत नहीं होती है। हिंदू समाज अपनी आस्था के अनुसार यात्रा मस्जिद के सामने निकालती है, तो परेशानी खड़ी हो जाती है। ऐसा क्यों होता है?संभल में जुमे की नमाज के बाद माहौल खराब हुआसंभल को 24 नवंबर को सर्वे का काम था। उससे पहले 23 नवंबर को जुमे की नमाज के समय तकरीरें दी गई। इसने क्षेत्र के माहौल को खराब कर दिया। हमने ज्यूडिशल कमीशन बनाने का फैसला किया है। उसकी रिपोर्ट जल्द सदन में पेश की जाएगी, जिसके बाद सच सबके सामने आ जाएगा।योगी– न बटेंगे और न कटेंगेसीएम योगी ने कहा कि मुस्लिम जुलूस हिंदू मोहल्लों और मंदिर के पास से निकाल सकते हैं, लेकिन क्यों हिंदू शोभायात्रा नहीं निकाल सकते। संभल सपा के समय सुन्नी और शिया के बीच विवाद हुआ करता था। इस विवाद को भाजपा सरकार ने ही दूर किया। अब हिंदुओं को परेशान करने की कोशिश की जा रही है, इसलिए हमने कहा है कि हम न बंटेंगे और न कटेंगे।योगी आदित्यनाथ ने सवाल उठाते हुए कहा कि मुस्लिमों के जुलूस मंदिरों के सामने से निकलते हैं। लाउडस्पीकर पर गाने बजते हुए जाते हैं, लेकिन कोई दिक्कत नहीं होती है। हिंदू समाज अपनी आस्था के अनुसार यात्रा मस्जिद के सामने निकालती है, तो परेशानी खड़ी हो जाती है। ऐसा क्यों होता है?
संभल में जुमे की नमाज के बाद माहौल खराब हुआ
संभल को 24 नवंबर को सर्वे का काम था। उससे पहले 23 नवंबर को जुमे की नमाज के समय तकरीरें दी गई। इसने क्षेत्र के माहौल को खराब कर दिया। हमने ज्यूडिशल कमीशन बनाने का फैसला किया है। उसकी रिपोर्ट जल्द सदन में पेश की जाएगी, जिसके बाद सच सबके सामने आ जाएगा।
योगी– न बटेंगे और न कटेंगे
सीएम योगी ने कहा कि मुस्लिम जुलूस हिंदू मोहल्लों और मंदिर के पास से निकाल सकते हैं, लेकिन क्यों हिंदू शोभायात्रा नहीं निकाल सकते। संभल सपा के समय सुन्नी और शिया के बीच विवाद हुआ करता था। इस विवाद को भाजपा सरकार ने ही दूर किया। अब हिंदुओं को परेशान करने की कोशिश की जा रही है, इसलिए हमने कहा है कि हम न बंटेंगे और न कटेंगे।
अल्लाह हू अकबर बोलने से रोका जाए...
योगी सदन बहुत ही आक्रामक दिखाई दिए। उन्होंने कहा कि जय श्री राम उकसाने वाला स्लोगन नहीं है। यह हमारी आस्था से जुड़ा है। कल मैं कहूं कि मुझे अल्लाह हू अकबर पसंद नहीं है, तो आपको किस तरह का लगेगा? इसके बाद सदन में सपा के विधायकों ने हंगामा शुरू कर दिया।
: वोटों की फसल काटने संभल जाना चाहते हैं राहुल गांधीः ब्रजेश पाठक
Sun, Dec 8, 2024
*वोटों की फसल काटने संभल जाना चाहतेलखनऊ। 04 दिसंबर ६राहुल गांधी वोटों की फसल काटने के लिए संभल जाना चाहते हैं। अखिलेश यादव तुष्टीकरण की राजनीति करते हैं। दोनों ही नेताओं को प्रदेश के अमन-चैन से कोई लेना-देना नहीं है। वे सिर्फ अपनी राजनीति चकमा कर प्रदेश की कानून व्यवस्था को बिगाड़ना चाहते हैं। जनता भी उनका असली आचरण जानती है। यह कहना है प्रदेश के डिप्टी सीएम ब्रजेश पाठक का।उन्होंने कहा कि संभल में धारा 144 लागू है। दोनों ही नेताओं से अनुरोध है कि वे प्रदेश की कानून व्यवस्था के साथ खिलवाड़ न करें। आज का उत्तर प्रदेश विकसित राज्य होने की दिशा में तेजी से अग्रसर है। दोनों नेताओं को यह पच नहीं रहा है। जब संभल में पूरी तरह से शांति हो जाए, तब दोनों नेता जाएं और जनता से भेंट करें। डिप्टी सीएम ने कहा कि संभल के अपराधी विपक्षी पार्टी से जुड़े हैं। प्रदेश की जनता सपा और उनके नेताओं को कभी नहीं बख्शेगी।उन्होंने बताया कि इस घटना की उच्च स्तरीय जांच हो रही है। सपा और कांग्रेस के नेता प्रदेश के आमजन की भावनाओं के साथ खिलवाड़ करते हैं। आग में घी डालने के लिए संभल जाना चाहते हैं। उन्हें प्रदेश के अमन से कोई मतलब नहीं है। सिर्फ राजनीतिक रोटियां सेंकना चाहते हैं।भाजपा की प्राथमिकता प्रदेश की 25 करोड़ जनता है। आज प्रदेश में कानून व्यवस्था का राज है। कानून हाथ में लेने वालों को बख्शा नहीं जाएगा। उनके खिलाफ सख्त कार्रवाई होगी। डिप्टी सीएम ब्रजेश पाठक ने कहा कि वर्ष 2017 से पहले प्रदेश में कानून व्यवस्था की क्या स्थिति थी, यह किसी से छिपा नहीं है। उत्तर प्रदेश की पहचान बीमारू राज्य के रूप में थी। आज हम इंफ्रास्ट्रक्टर के क्षेत्र में तेजी से काम कर रहे हैं। विदेशी इंवेस्टमेंट आ रहा है। आमजन का भरोसा हमारी सरकार पर है।